ITR भरने के हैं कई फायदे, वीजा अप्रूवल और लोन मिलने में भी होती है आसानी

  • ITR फाइल करने की आखिरी तारीख 31 जुलाई तय की गई है
  • यदि आप देश से बाहर नौकरी के लिए आवेदन करते हैं तो आपके पास पिछले 3 साल का ITR होना चाहिए।

दैनिक भास्कर

May 10, 2020, 02:11 PM IST

पर्सनल फाइनेंस. इनकम टैक्‍स रिटर्न (ITR) फाइल करने की आखिरी तारीख 31 जुलाई तय की गई है। अगर आप टैक्स के दायरे में आते हैं तो अपना  ITR भर दें। कई लोगों को ITR भरने से होने वाले फायदों के बारे में पता नहीं होता इसीलिए अभय शर्मा, पूर्व अध्यक्ष इंदौर चार्टर्ड अकाउंटेंट आपको ITR भरने के फायदों के बारे में बता रहे हैं।

ये हैं ITR भरने के फायदे

  • यदि आप देश से बाहर नौकरी के लिए आवेदन करते हैं तो आपके पास पिछले 3 साल का ITR होना चाहिए। वीजा के लिए आवेदन तभी स्‍वीकार किए जाते हैं। इसीलिए अगर आप की भी इस तरह की प्लानिंग है तो ITR भरना आपके लिए बहुत जरूरी है।
  • एक अच्‍छे नागरिक की तरह आयकर फाइलर होने के कारण बैंकों के लिए ऑटो ऋण, गृह ऋण इत्यादि जैसे ऋण के लिए आवेदन करते समय आय के स्रोत का आकलन करना आसान हो जाता है।
  • ITR रसीद आपके पंजीकृत पते पर भेजी जाती है, जो एड्रेस प्रूफ के रूप में काम कर सकती है।
  • यदि आपने कभी भी इनकम टैक्‍स रिटर्न नहीं भरा है तो आपको क्रेडिट कार्ड लेने में मुश्किल हो सकती है। बैंक आपके क्रेडिक कार्ड एप्‍लीकेशन को रिजेक्‍ट कर सकते हैं। इसलिए इनकम टैक्‍स भरना चाहिए।
  • यदि आप टैक्‍स ब्रैकेट में आते हैं और आप सही समय पर आईटीआर फाइल नहीं करते हैं तो 10,000 तक पेनाल्‍टी देनी पड़ सकती है। जो कि आने वाले साल के लिए अच्‍छा नहीं रहेगा।
  • अगर आप खुद का बिजनेस शुरू करना चाहते हैं तो ITR भरना बहुत जरूरी है। इसके अलावा अगर आप किसी विभाग के लिए कॉन्ट्रेक्ट हासिल करना चाहते हैं तो आपको ITR दिखाना पड़ेगा। किसी सरकारी विभाग में कॉन्ट्रेक्ट लेने के लिए भी पिछले 5 साल का  ITR देना पड़ता है।
  • अगर आप अधिक पैसे का कोई लेन-देन करते हैं तो ITR आपके लिए मददगार साबित होता है। समय पर ITR फाइल करते रहने की वजह से प्रॉपर्टी खरीदने-बेचने, बैंक में बड़ी रकम जमा करने, म्यूचुअल फंड में बड़े निवेश के बाद आपको इनकम टैक्स विभाग से नोटिस आने का खतरा नहीं होता।
  • अगर आप एक करोड़ रुपये का बीमा कवर (टर्म प्लान) लेना चाहते हैं तो बीमा कंपनियां आपसे आईटीआर मांग सकती हैं। वास्तव में वे आपकी आय का स्रोत जानने और उसकी नियमितता परखने के लिए ITR पर ही भरोसा करती हैं।