HCL अपने 1.50 लाख कर्मचारियों के वेतन में कटौती नहीं करेगी, सभी को पिछले साल का बोनस भी देगी

  • चीफ ह्यूमन रिसोर्स ऑफिसर ने कहा हमें करीब 5000 लोगों की जरूरत है
  • इससे पहले कंपनी इस साल 15,000 फ्रेशर्स को जॉब देने का ऐलान कर चुकी है

दैनिक भास्कर

May 21, 2020, 05:58 PM IST

नई दिल्ली. नोवल कोरनावायरस का असर देश की सभी कंपनियों पर हुआ है। जिसके चलते कई कंपनियां कर्मचारियों की संख्या कम करने में लगी हैं। दूसरी तरफ, हिंदुस्तान कम्प्यूटर लिमिटेड (HCL) ने कहा है कि वो अपने 150,000 कर्मचारियों के वेतन में कटौती नहीं करेगी। साथ ही, सभी को पिछले साल का बोनस भी देगी।

इससे पहले कंपनी वित्त वर्ष 2015 की योजना के अनुसार इस साल 15,000 फ्रेशर्स को जॉब देना का ऐलान कर चुकी है। हालांकि, इस प्रॉसेस की गति धीमी होगी।

कंपनी को 5000 लोगों की जरूरत: अप्पाराव
इस बारे में कंपनी के चीफ ह्यूमन रिसोर्स ऑफिसर अप्पाराव वीवी ने कहा, “कंपनी के प्रोजेक्ट कैंसल नहीं हुए हैं, लेकिन नए प्रोजेक्ट में कुछ देरी जरूर दिख रही है। हालांकि, कंपनी को अच्छे इशारे मिल रहे हैं और करीब 5000 लोगों की जरूरत है, जिसके लिए वह रिक्रूटमेंट कर रहे हैं। हम ट्रांसपोर्टेशन और मैन्युफैक्चरिंग के क्षेत्र में तनाव का सामना कर रहे हैं।”

उन्होंने कहा कि हमारे लिए फ्रेशर्स की मांग बरकरार रहेगी। हालांकि, कोविड-19 महामारी को देखते हुए चीजों में कुछ बदलाव हो सकते हैं। फिलहाल कंपनी अपने कर्मचारियों का वेतन कम करने या बोनस पर रोक लगाने जैसा कोई विचार नहीं कर रही है।

12 महीनों की मेहनत का नतीजा है बोनस- अप्पाराव
उन्होंने कहा, “हम मानते हैं कि जो बोनस हम कर्मचारियों को दे रहे हैं, वह उनके पिछले 12 महीनों के काम का नतीजा है और हमने जो वादा अपने लोगों से किया है उसे पूरा करेंगे। यहां तक कि 2008 की मंदी के दौरान भी हमने किसी भी कर्मचारी की सैलरी नहीं काटी थी और हम अभी भी उसी संकल्प के साथ आगे बढ़ रहे हैं।”बता दें कि आईटी-बीपीएम सेक्टर की कंपनियों जैसे इंफोसिस, विप्रो, टीसीएस, डब्ल्यूएनएस और अन्य ने वेतन बढ़ोतरी में देरी की है और प्रमुख बाजारों में कारोबार में वृद्धि को लेकर अनिश्चितता देखी जा रही है। विप्रो ने कहा कि पहले यह सुनिश्चित करने के लिए कई विकल्पों का मूल्यांकन करेगा कि नौकरियों को बनाए रखा जाए।

सैलेरी बढ़ाने और प्रमोशन पर फैसला जुलाई में: सीएफओ
इससे पहले कंपनी के चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर (सीएफओ) प्रतीक अग्रवाल ने कहा था कि इस समय हम उन ऑफर्स का सम्मान करना चाहते हैं जो हमने पहले ही लोगों के लिए कर दिए हैं। फ्रेशर्स के ऑन-बोर्डिंग में कोई देरी नहीं है, लेकिन अभी उन लोगों पर ध्यान है जो स्वयं के लैपटॉप और डिवाइसेज के साथ आ रहे हैं, ताकि वे तुरंत काम शुरू कर सकें। कर्मचारियों की सैलेरी में बढ़ोतरी और प्रमोशन में फैसला आने वाली तिमाही में लिया जाएगा। अभी हमारे पास जुलाई साइकिल है, हम अभी इस बारे में कोई कॉल नहीं ले रहे हैं।

पिछले फाइनेंशियल ईयर में 16.7% की बढ़ोतरी
एचसीएल टेक ने 31 मार्च को खत्म हुए फाइनेंशियल ईयर में 16.7 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ 9.936 मिलियन डॉलर (लगभग 75 करोड़ रुपए) का रेवेन्यू दर्ज किया है। मैनेजमेंट के मुताबिक ये 16.5-17 प्रतिशत की बढ़ोतरी है, जो अच्छी बात है। हालांकि, कंपनी ने वित्त वर्ष 21 के रेवेन्यू को लेकर किसी तरह का गाइडेंस जारी नहीं किया है। कोरोनवायरस के चलते मांग में कमी आने के कारण अनिश्चितताएं बनी हैं।