रूपे कार्डधारकों और UPI यूजर्स के लिए ऑक्सी हेल्थकेयर ने लॉन्च की खास बीमा पॉलिसी, 1500 रु. महीने की किस्त पर मिलेगा बीमा कवर

  • इस इंश्योरेंस में कोरोनावायरस को भी कवर किया जाएगा
  • इससे पहले भी कई कंपनियां खास बीमा पॉलिसी लॉन्च कर चुकी हैं

दैनिक भास्कर

May 25, 2020, 11:14 AM IST

नई दिल्ली. कोरोनावायरस महामारी को देखते हुए ऑक्सी हेल्थकेयर (Oxxy Healthcare) रुपे कार्ड होल्डर्स और UPI यूजर्स के लिए एक खास यूनिवर्सल कवर लेकर आया है। कंपनी ने दावा किया है यह सभी मायनों में ‘आत्मनिर्भर भारत’ को लेकर उठाया गया कदम है। कंपनी ने बताया कि इसके तहत वो लाइफ इंश्योरेंस, हेल्थ इंश्योरेंस और अन्य हेल्थकेयर जरूरतों के लिए बिना ब्याज की ईएमआई पर ऑफर कर रहे हैं। इसकी कीमत 1500 रुपए प्रति महीने होगी। यानी सालभर के लिए आपको 18000 हजार रुपए चुकाने होंगे। 

कोरोना जैसी बीमारियां होंगी कवर
कंपनी के अनुसार इस इंश्योरेंस में कोरोनावायरस को भी कवर किया जाएगा। कवर की रकम पॉलिसी लेने वाले की उम्र और हेल्थ के अनुसार निश्चित की जाएगी। इरडा ने अप्रैल में बीमाधारकों को पॉलिसी के प्रीमियम के भुगतान को लेकर बड़ी राहत दी थी। इरडा ने सभी हेल्थ इंश्योरेंस कंपनियों से कहा था कि वे अपने ग्राहकों को किस्तों में प्रीमियम के भुगतान का ऑप्शन दें।

कई कंपनियों ने कोरोनावायरस के लिए लांच की इंश्योरेंस पॉलिसी

156 रुपए में मिल रही कोरोना के लिए बीमा पॉलिसी

डिजिटल पेमेंट कंपनी फोनपे (PhonePe) ने बजाज आलियांज जनरल इंश्योरेंस के सहयोग से कोरोना केयर नामक एक इंश्योरेंस पॉलिसी शुरू की है। कोरोना केयर इंश्योरेंस पॉलिसी की कीमत 156 रुपए है और इसमें कोरोनावायरस संक्रमित लोगों को 50 हजार रुपए का बीमा कवर मिलेगा। इस बीमा कवर का लाभ 55 साल से कम उम्र के लोग ही ले सकते हैं। ये बीमा कवर कोरोनावायरस का इलाज करने वाले किसी भी अस्पताल में मान्य है। इतना ही नहीं इसमें प्री-हॉस्पिटलाइजेशन और पोस्ट-केयर मेडिकल ट्रीटमेंट पर होने वाले एक महीने के खर्चें भी शामिल हैं। कोरोना केयर पॉलिसी को घर बैठे अपने मोबाइल के जरिए खरीद सकते हैं। इसके लिए किसी मेडिकल टेस्ट की भी जरूरत नहीं पड़ेगी। 

आईसीआईसीआई लोम्बार्ड कोरोनावायरस भी दे रहा 149 में 25 हजार रुपए का कवर

आईसीआईसीआई लोम्बार्ड कोरोनावायरस (कोविड-19) से निपटने के लिए नई इंश्योरेंस पॉलिसी लेकर आया है। इस पॉलिसी को ग्रुप इंश्योरेंस मोड में लॉन्च किया गया है। इस पॉलिसी के तहत इंश्योरेंस कंपनी किसी भी सरकारी ऑथराइज्ड सेंटर पर कोरोनावायरस टेस्ट के पॉजिटिव आने पर पूरी राशि का भुगतान करेगी। बीमा की राशि पॉलिसी की अवधि के दौरान बीमारी के पता चलने पर एकमुश्त दी जाएगी। हालांकि, इसमें 14 दिन का शुरूआती वेटिंग पीरियड रहेगा। इस पॉलिसी का टेन्योर 1 साल तय किया गया है। लोम्बार्ड के कोविड-19 प्रोटेक्शन कवर में बीमा राशि 25 हजार रुपए है वहीं इसकर प्रीमियम 149 रुपए है। इस प्लान में चैट के जरिए हेल्थ असिस्टेंस और वर्चुअल असिस्टेंस, एमबुलेंस असिस्टेंस और टेलिकंसल्टेशन का ऑफर शामिल है। यह पॉलिसी बेनेफिट्स 18 से 75 साल की उम्र के बीच के लोगों को मिलेंगे। यह पॉलिसी वो लोग ले सकते हैं जो अभी तक कोरोना से संक्रमित नहीं हुए हैं। जिन लोगो के संक्रमित होने की बहुत आशंका है, उनको भी इसका लाभ नहीं मिलेगा।

Clinikk ने भी लॉन्च किया कोरोनावायरस के लिए खास प्लान

Clinikk ने कोरोनावायरस के इजाल को कवर करने के लिए नया प्लान लॉन्च किया है। कंपनी का दावा है कि इस प्लान को ग्राहकों को कोरोना वायरस से संक्रमित होने पर उनकी स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों की 360 डिग्री कवरेज देने के लिए तैयार किया गया है। नए इंश्योरेंस प्लान की शुरुआत सालाना 499 रुपए से है। कोरोना वायरस सपोर्ट प्लान में प्राथमिक देखभाल और वित्तीय सुरक्षा दोनों शामिल है। ग्राहक को पूरा इलाज मिलता है जिसमें डॉक्टर के साथ कंसल्टेशन, 24×7 डॉक्टर की सहायता और कोरोना वायरस से जुड़े अस्पताल में भर्ती होने के किसी भी खर्च पर 1 लाख रुपए का बीमा कवर शामिल है। इस प्लान को कुछ ही स्टेप्स में clinikk.com पर खरीदा जा सकता है।

आयुष्मान भारत-पीएम जन आरोग्य योजना के तहत भी मिलेगा इलाज

केंद्र सरकार ने शनिवार को बताया कि अब प्राइवेट लैब्स और हॉस्पिटल में होने वाला कोरोना टेस्ट, आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत किया जाएगा। यानी इस योजना के लाभार्थियों का इलाज और टेस्ट फ्री हो जाएगा। सरकारी अस्पतालों में इसकी टेस्टिंग और इलाज पहले से ही फ्री है। नेशनल हेल्थ अथॉरिटी (एनएचए) के सीईओ डॉ इंदू भूषण के अनुसार जिन लक्षणों के लिए मुफ्त इलाज आयुष्मान भारत-पीएमजेएवाय के तहत उपलब्ध है, उनमें निमोनिया, बुखार आदि शामिल हैं। कोविड-19 के लक्षण जैसे निमोनिया, बुखार आदि का इलाज योजना के विभिन्न पैकेजों के जरिए योजना के तहत सूची में शामिल अस्पतालों में बिल्कुल मुफ्त कराया जा सकता है। इसके अलावा अगर कोई व्यक्ति कोरोना से संक्रमित पाया जाता है तो उसे भी इस योजना के तहत मुफ्त इलाज मुहैया कराया जाएगा। अपको बता दें कि इस योजना के तहत सरकार की तरफ से 5 लाख रुपए तक का मुफ्त इलाज मिलता है।