मेड इन चाइना सामानों के बहिष्कार के बाद अब चीनी नागरिकों का भी बॉयकाट, दिल्ली के बजट होटलों में नहीं मिलेगा रूम

  • एसोसिएशन ने कहा कि वे चीनी नागरिकों से कोई बुकिंग नहीं लेंगे और न ही उन्हें कोई सेवा देंगे
  • एसोसिएशन से करीब 3,000 होटल और रेस्तरां जुड़े हैं

दैनिक भास्कर

Jun 25, 2020, 10:34 PM IST

नई दिल्ली. राष्ट्रीय राजधानी में छोटे एवं किफायदी दरों पर सेवा देने वाले 3,000 होटल और रेस्तरां के संगठन ने चीनी सामान के बहिष्कार के साथ वहां के नागरिकों को रूम नहीं देने का निर्णय किया है। दिल्ली होटल्स एंड रेस्टोरेंट्स ओनर्स एसोसिएशन ने छोटे व्यापारियों के संगठन कैट को पत्र लिखकर इसके बारे में सूचना दी है। समूह ने कॉन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (CAIT) के चीनी वस्तुओं के बहिष्कार के अभियान को पूरा समर्थन देने का निर्णय किया है।

इन होटलों में 6 प्रतिशत बुकिंग चीनी नागरिकों की होती है

लद्दाख में भारत और चीन की सेना के बीच हिंसक झड़प में 20 भारतीय सैनिकों के शहीद होने के बाद कुछ तबकों में चीनी सामान के बहिष्कार का अभियान जोर पकड़ रहा है। दिल्ली होटल्स एंड रेस्टोरेंट्स ओनर्स एसोसिएशन के महासचिव महेन्द्र गुप्ता ने कहा कि वे चीनी नागरिकों से कोई बुकिंग नहीं लेंगे और न ही उन्हें कोई सेवा देंगे। साथ ही उन्होंने अपने होटल और रेस्टोरेंट में चीनी वस्तुओं के बहिष्कार का निर्णय किया है। उन्होंने कहा कि एसोसिएशन से करीब 3,000 होटल और रेस्तरां जुड़े हैं। इन होटलों में 5 से 6 प्रतिशत बुकिंग चीनी नागरिकों की होती है।

एसोसिएशन का कैट के अभियान को समर्थन 

एसोसएिशन ने कैट को लिखे पत्र में कहा है कि हमने कैट के अभियान को समर्थन करने का निर्णय किया है। इसके तहत हमने अपने होटलों और रेस्टोरेंट में चीनी सामान के बहिष्कार का फैसला किया है। यानी हम कोई भी चीनी सामान का उपयोग नहीं करेंगे। संगठन ने यह भी कहा कि उसने किसी भी चीनी नागरिक को कमरा नहीं देने का निर्णय किया है। इसके अलावा एसोसएिशन अन्य राज्यों में भी होटल संगठनों से संपर्क कर इस प्रकार का निर्णय लेने की अपील करेगा। इस बीच कैट ने कहा कि अपने अभियान में किसानों, परिवहन कंपनियों, छोटे उद्योगों, ग्राहकों, उद्यमियों आदि को जोड़ने की कोशिश करेगा और उनसे चीनी वस्तुओं के बहिष्कार की अपील करेगा।