कोरोना के ज्यादा जोखिम वाले 15 देशों में शामिल हुआ भारत, वायरस की लहर दोबारा लौटने का खतरा

  • नोमुरा ने इस स्टडी में 45 बड़ी इकोनॉमी वाले देशों को शामिल किया है
  • ऑन ट्रैक, वार्निंग साइन और डेंजर जोन की कैटेगरी में 45 देशों को रखा गया

दैनिक भास्कर

Jun 10, 2020, 01:36 PM IST

नई दिल्ली. सिक्योरिटीज रिसर्च फर्म नोमुरा (Nomura) की रिपोर्ट के मुताबिक, भारत उन 15 देशों में से एक है, जहां लॉकडाउन के नियमों में ढील देने से कोरोना के मामले बढ़ने का जोखिम सबसे ज्यादा है। इन 15 देशों में कोरोना की लहर दोबारा लौटने का खतरा है।

3 कैटेगरी के आधार पर की गई स्टडी

नोमुरा ने इस स्टडी में 45 मुख्य अर्थव्यवस्थाओं वाले देशों को शामिल किया है। देशों को 3 कैटेगरी में रखा गया है। पहली- ऑन ट्रैक, दूसरी- वॉर्निंग साइन और तीसरी- डेंजर जोन की है। भारत को डेंजर जोन में रखा गया है।

  • ऑन ट्रैक: इस कैटेगरी में ऑस्ट्रेलिया, फ्रांस, इटली, ऑस्ट्रिया, जापान, नोर्वे, स्पेन, थाइलैंड, इटली, ग्रीस, रोमानिया, दक्षिण कोरिया जैसे 17 देश हैं। इन्हें ग्रीन कलर के साथ सेफ बताया गया है।
  • वॉर्निंग साइन: इसमें डेनमार्क, फिनलैंड, हंगरी, आयरलैंड, पोलैंड, जर्मनी, अमेरिका, ब्रिटेन जैसे 13 देशों को शामिल किया गया है।
  • डेंजर जोन: इसमें कुल 15 देश हैं, जिसमें भारत, इंडोनेशिया, चिली, पाकिस्तान, ब्राजील, मैक्सिको जैसे देश शामिल हैं। इसमें कुछ बेहतर अर्थव्यवस्थाओं वाले देश जैसे स्वीडन, सिंगापुर, दक्षिण अफ्रीका और कनाडा भी शामिल हैं।

रिपोर्ट के मुताबिक 17 देश की अर्थव्यवस्थाएं ट्रैक पर हैं। उनमें वायरस फिर से आने के कोई संकेत नहीं हैं। 13 देशों में चेतावनी के संकेत दिखाई दिए हैं। वहीं, 15 देश सबसे ज्यादा जोखिम वाले जोन में हैं। यहां वायरस की दूसरी लहर आ सकती है।

दो तरह के हालात बनेंगे
स्टडी के मुताबिक, लॉकडाउन हटाने से दो तरह के हालात बनेंगे। पहले सिनेरियो में किसी देश में गतिविधियां बढ़ेंगी, कारोबार दोबारा शुरू होगा, लेकिन रोजाना नए मामलों में मामूली बढ़ोतरी होगी। 

दूसरे सिनेरियो में नतीजे बुरे हो सकते हैं। इसमें अर्थव्यवस्था को खोलने से रोजाना संक्रमितों के मामले बढ़ेंगे। जनता के बीच डर फैलेगा और लोगों की गतिविधियां प्रभावित होंगी। यहां लॉकडाउन को दोबारा लागू किया जा सकता है। 

देश में कोरोना के मामले

भारत में 25 मार्च को पहला लॉकडाउन लगाया गया था, जो अलग-अलग 4 फेज में 30 मई तक चला। अब देश में मॉल, धार्मिक स्थल, रेस्तरां खोलने की परमिशन दे दी गई है। ऐसे में संक्रमण के मामले तेजी से बढ़ने का खतरा है।